भारत नेपाल पत्रकार यूनियन की अगुआई में खुली इंडो नेपाल स्थित झापा बाजार और दिघलबैंक बॉर्डर

.भारत नेपाल पत्रकार यूनियन
की अगुआई में खुली इंडो नेपाल स्थित झापा बाजार और दिघलबैंक बॉर्डर

प्रदीप कुमार नायक
( स्वतंत्र लेखक एवं पत्रकार )

भारत और नेपाल दोनों देशों के पत्रकार सहित आम जनता के हक , अधिकार और मान-सम्मान की रक्षा के लिए लगातार संघर्षरत एकमात्र संगठन भारत- नेपाल पत्रकार यूनियन की अगुआई में स्वतंत्र लेखक एवं पत्रकार तथा राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य प्रदीप कुमार नायक के अथक प्रयास से किशनगंज जिला के दिघलबैंक और नेपाल के झापा जिला के झापा बाजार स्थित पिलर संख्या 134 / 20, जो लगभग दो वर्षों से बन्द पड़ी थी उस सीमा को पहल के बाद आवागमन के लिए खोल दिया गया।
यहाँ बताते चलें कि लगभग दो महीनों से मेरी बातचीत सीमा बन्द को लेकर झापा नेपाल के झापा बाजार निवासी सामाजिक कार्यकर्ता एवं शिक्षक संतोष कुमार गणेश से होती रही।कई बार उन्होंने धरना प्रदर्शन भी किया लेकिन कामयाबी नहीं मिल सकी। मैंने सबसे पहले इसकी जानकारी यूनियन के अंतरराष्ट्रीय अध्यक्ष मुकेश गौरव जी को दी। उन्होंने इस काम की जिम्मेदारी मुझे सौंपी। मैंने किशनगंज जिले के दिघलबैंक और झापा जिले के झापा बाजार पहुँचकर दोनों देशों के सहयोग से एक कमिटी भारत नेपाल नागरिक एकता मंच बनाया । फिर सीमा क्षेत्र दिघलबैंक के दुर्गा मंदिर के प्रांगण में एक बैठक रखी।फिर दोनों सीमाओं के आरपार रहनेवालों के ग्यारह सदस्यीय शिष्ट मंडल सहित किशनगंज जिला के दिघलबैंक बी ओ पी के वरीय अधिकारी गोपाल कुमार तथा नेपाल के झापा जिला के जिला पदाधिकारी (सी डी ओ ) श्रवण कुमार तिमिसिल्ला,पुलिस अधीक्षक(ए पी एफ) रमेश कुमार पांडेय,प्रहरी नायब निरीक्षक खड़ग गौतम,वाणिज्य संघ के अध्यक्ष त्रिलोचन तिमरिया से मिलकर एक ज्ञापन सौंपा ।
मंच के अध्यक्ष मणि शंकर चौधरी, सचिव संतोष कुमार गणेश ने जिलाधिकारी एवं वरीय पदाधिकारी को आवागमन को लेकर सीमावर्ती क्षेत्र की समस्याओं से अवगत कराया।उन्होंने बताया कि पिछले कोरोना काल से ही लगभग दो वर्षों से भी अधिक समय से सीमा के सामने मुख्य सड़क से आवाजाही बन्द पड़ी है।
भारत नेपाल पत्रकार यूनियन की पहल व शिष्टमंडल की बातों को गंभीरता से लेते हुए दिघलबैंक बी ओ पी और झापा नेपाल के जिलाधिकारी श्रवण कुमार तिमिसिल्ला ने बॉर्डर पर मेडिकल टीम की स्थापना कर सीमा के मुख्य सड़क के सामने से लोगों को आवाजाही करने की अनुमति दे दी। वैसे इस काम के लिए अंतरराष्ट्रीय अध्यक्ष मुकेश गौरव जी से मेरी बातचीत बराबर होती रही। उन्होंने मेरी हिम्मत को बढ़ाते हुए काम को पूरा करने के लिए धन्यवाद भी दिया।
शिष्टमंडल में इस पंक्ति के लेखक सहित मंच के अध्यक्ष मणि शंकर चौधरी,सचिव एवं शिक्षक संतोष कुमार गणेश,उपाध्यक्ष मोहित लाल कामती, सुनील चक्रवर्ती,नवल भगत,नेवालाल साह, राम प्रसाद ठाकुर,विजय कोच,कलाम शेख,नरेंद्र गुप्ता सहित अन्य लोग शामिल थे।
भारत जिसके साथ खासकर नेपाल में रहने वाले तराई क्षेत्र के मधेशियों के साथ खून का रिश्ता हैं।दोनों देशों के बीच रोटी-बेटी का संबंध माना जाता हैं।दोनों देशों के बीच धार्मिक और सांस्कृतिक विरासत लगभग एक समान हैं।अगर भगवान श्री राम भारत के हैं तो राजा जनक और सीता नेपाल के हैं।भारत में लाखों नेपाली रोजी- रोटी कमा रहें हैं और वहीं रह रहे हैं।नेपाल में भी लाखों भारतीय रह रहे हैं।दोनों देशों में हिन्दी का बोलचाल है ।काशी का विश्वनाथ मंदिर और काठमांडु का पशुपतिनाथ मंदिर एकता को दर्शाती है । इसलिए दोनों देशों का सम्बन्ध मैत्री पूर्ण रहा है ।
बॉर्डर के बन्द होने से दोनों देशों के नागरिकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है । सभी बॉर्डर को मुख्य सड़क के सामने से आवाजाही को नियमित एवं सुचारू रूप से चालू कर देना ही दोनों देशों के हित में होगा। दोनों देशों के दो और चार पहिया वाहन को लेकर भी लोग काफी असमंजस में हैं । एक शुल्क निर्धारित कर दोनों देशों के वाहन को सुचारू कर दिया जाय तो लाखों लोग इधर से उधर घूमने फिरने आ सकते हैं। जिससे व्यापार और पर्यटक के क्षेत्र में काफी बढ़ोतरी हो सकती है ।
इंडो नेपाल स्थित किशनगंज जिले के दिघलबैंक और झापा नेपाल जिले के झापा बाजार बॉर्डर पर कस्टम कार्यालय बनाये जाने को लेकर अररिया के सांसद प्रदीप कुमार सिंह से घंटो बाते हुई।उन्होंने कहाँ कि आप लोग एक आवेदन लिखकर भेजें तो मैं उक्त सीमा पर कस्टम कार्यालय खुलवाने का पूरा पूरा प्रयास करूंगा और इसको लेकर मैं संसद में भी जोरदार आवाज़ उठाऊंगा।
सीमा खोलने,पर्यटन को बढ़ावा देने, कस्टम कार्यालय खोलने को लेकर एक आवश्यक बैठक झापा जिले के सुरूँगा स्थित होटल डी लाइट में होटल के संयोजक कर्ता खेम ओली के संचालन में हुई।उन्होंने बैठक में आये हुए अतिथियों का स्वागत भव्य रूप से किया।

Related posts

Leave a Comment